अदाणी एयरपोर्ट्स वैश्विक निवेशकों से करीब 1 अरब अमेरिकी डॉलर की नई इक्विटी जुटाएगा
अल्फा वेव ग्लोबल, प्रेमजी इन्वेस्ट, टेमासेक और ब्लैकरॉक द्वारा मैनेज किए जाने वाले फंड्स का निवेश
अहमदाबाद, 9 सितंबर, 2026//// अदाणी एयरपोर्ट होल्डिंग्स लिमिटेड (एएएचएल), अदाणी एंटरप्राइजेज लिमिटेड (एईएल) की सहायक कंपनी और भारत के सबसे बड़े प्राइवेट एयरपोर्ट ऑपरेटर्स में से एक है। कंपनी ने अल्फा वेव ग्लोबल, प्रेमजी इन्वेस्ट, टेमासेक और ब्लैकरॉक द्वारा मैनेज किए जाने वाले फंड्स वाले निवेशक समूह से 9,825 करोड़ रुपए (करीब 1 अरब अमेरिकी डॉलर) की नई इक्विटी पूंजी जुटाने के लिए बाध्यकारी समझौते किए हैं। इस ट्रांजैक्शन से एएएचएल की प्री-मनी इक्विटी वैल्यूएशन करीब 18 अरब अमेरिकी डॉलर होगी। यह भारत के एयरपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर में वित्तीय संस्थानों से होने वाले सबसे बड़े नई इक्विटी निवेशों में से एक है।
लंबे समय के लिए निवेश करने वाले घरेलू और वैश्विक निवेशकों के इस समूह की भागीदारी एएएचएल के बड़े पैमाने, ऑपरेशनल क्षमताओं और लंबे समय में ग्रोथ की संभावनाओं को मिला एक महत्वपूर्ण इंस्टीट्यूशनल समर्थन है। यह निवेश ऐसे समय में कारोबार में लंबे समय के लिए इंस्टीट्यूशनल कैपिटल ला रहा है, जब भारत का एविएशन सेक्टर लगातार बढ़ते पैसेंजर ट्रैफिक, क्षमता विस्तार और इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश के दौर में प्रवेश कर रहा है।
एएएचएल और निवेशकों ने शेयर सब्सक्रिप्शन एग्रीमेंट और शेयरहोल्डर्स एग्रीमेंट किए हैं। इनके तहत निवेशक तीन चरणों में एएएचएल के नए इक्विटी शेयरों में निवेश करेंगे। अंतिम चरण जुलाई 2027 तक पूरा होने की उम्मीद है। तीनों चरण पूरे होने के बाद निवेशकों के पास एएएचएल में कुल करीब 5.54% हिस्सेदारी होगी।
इस निवेश का इस्तेमाल तीन रणनीतिक प्राथमिकताओं पर किया जाएगा: एएएचएल के पोर्टफोलियो में एयरपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर का विस्तार और आधुनिकीकरण; एयरपोर्ट्स के आसपास इंटीग्रेटेड अदाणी एयरपोर्ट सिटी इकोसिस्टम के विकास में तेजी लाना, जिसमें पहले चरण में करीब 22 लाख वर्ग फुट का मिक्स्ड-यूज डेवलपमेंट शामिल है; और यात्रियों से सीधे जुड़े व अन्य नॉन-एयरोनॉटिकल बिजनेस को बढ़ाना, जिसमें हमारा ग्राउंड हैंडलिंग बिजनेस भी शामिल है। इन निवेशों से क्षमता बढ़कर हर साल करीब 20 करोड़ यात्रियों को सेवा देने लायक होने की उम्मीद है। साथ ही कमर्शियल मोनेटाइजेशन को बढ़ाने, यात्रियों के अनुभव को बेहतर बनाने और एएएचएल के इंटीग्रेटेड एयरपोर्ट इकोसिस्टम को और मजबूत करने में मदद मिलेगी।
यह ट्रांजैक्शन एईएल द्वारा जुलाई 2026 में किए गए 15,000 करोड़ रुपए के सफल क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल प्लेसमेंट (क्यूआईपी) के बाद हुआ है, जो किसी नॉन-फाइनेंशियल कॉरपोरेट द्वारा भारत में किया गया सबसे बड़ा क्यूआईपी था। दोनों ट्रांजैक्शन से पता चलता है कि अदाणी पोर्टफोलियो को घरेलू और वैश्विक स्तर पर लंबे समय के लिए निवेश करने वाली संस्थाओं से लगातार बड़ी पूंजी मिल रही है।
अदाणी एयरपोर्ट होल्डिंग्स लिमिटेड के नॉन-एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर जीत अदाणी ने कहा, “यह साझेदारी अदाणी एयरपोर्ट्स प्लेटफॉर्म को आगे बढ़ाने की दिशा में एक अहम पड़ाव है और हमें खुशी है कि इतने बड़े और लंबे समय के लिए निवेश करने वाले निवेशक इस सफर में हमारे साथ जुड़े हैं। भारत का एविएशन सेक्टर देश की जीडीपी ग्रोथ को तेजी देने वाले सबसे मजबूत सेक्टर्स में से एक है। एयर कनेक्टिविटी का हर विस्तार एयरपोर्ट की सीमा से आगे ट्रेड, टूरिज्म, रोजगार और क्षेत्रीय विकास को बढ़ावा देता है। इन साझेदारों के सहयोग से हम इस ग्रोथ को ध्यान में रखते हुए पहले से निवेश करना जारी रखेंगे। हमारा फोकस इंफ्रास्ट्रक्चर, सिटी-साइड डेवलपमेंट्स और नॉन-एयरोनॉटिकल बिजनेस को बढ़ाने पर रहेगा, ताकि दुनिया के प्रमुख इंटीग्रेटेड एयरपोर्ट प्लेटफॉर्म्स में से एक तैयार किया जा सके।”
अदाणी एयरपोर्ट होल्डिंग्स लिमिटेड के सीईओ अरुण बंसल ने कहा, “हम एएएचएल के भीतर अपनी क्षमताओं को लगातार मजबूत करते रहेंगे, ताकि इसे दुनिया का सबसे बड़ा एयरपोर्ट प्लेटफॉर्म बनाया जा सके। भारत में तेजी से बढ़ रहे अवसर, भारतीय कंज्यूमर की बढ़ती खर्च करने की क्षमता और देश के प्रमुख शहरों में हमारे सिटी-साइड डेवलपमेंट्स की रफ्तार, जो आर्थिक विकास को बढ़ावा देने वाले मजबूत माध्यम बन रहे हैं, इस लक्ष्य को और मजबूती देते हैं। हमें अपने पार्टनर्स के भरोसे की बहुत कद्र है और हम उनके साथ मिलकर इस सफर को आगे बढ़ाने के लिए उत्साहित हैं। हमारा लक्ष्य भारत के लि…


